गुरुवार, 24 नवंबर 2022

मेरी वाली दुनिया

कुछ दिन हुए एक ख़ून हो गया

एक लड़के ने अपनी गर्ल फ्रेंड को मार दिया

जी-जी पता है

ऐसे हज़ारों क़िस्से हो चुके हैं

कुछ प्रेम सम्बन्ध कुछ समय तक चलते हैं 

कुछ ज़्यादा लम्बे भी चल जाते हैं 

पर एक सीमा के बाद हर लड़की शादी चाहती है

अपना परिवार चाहती है

जो कि सही भी है 

पर लड़का तैयार नहीं होता 

ऐसे हालातों में विदाई देने की प्रथा बन चुकी है 

वो... शादी से पहले वाली विदाई 

जी ये सब भी सबको पता है 

कोई नई बात नहीं है

बार-बार एक-सी कहानी पढ़-पढ़ के 

आख़िर आदत पड़ ही गयी थी

कहानी वही होती है 

सिर्फ़ कलाकारों के नाम अलग होते हैं 

शहरों और गांवों के नाम भी अलग होते हैं 

एक जैसे कथानक से फ़िल्में बोरिंग लगने लगती हैं 

मुझे भी इस तरह के समाचारों से दर्द होना बंद हो गया था

आँसुंओं का बहना रुक गया था


पर ये... ये क़िस्सा तनिक हट के निकला 

तनिक नहीं, काफी हट के

जिस तरह उस लड़की की विदाई हुई... तौबा !

क्या मैं किसी दूसरे जहान में पहुँच गया हूँ 

क्या ये सब सिर्फ़ इसलिए किया गया क्योंकि मुझे दर्द नहीं होता था?


देखते देखते वक़्त कितना बदल गया!

दुनिया कितनी बदल गयी 

इतनी दहशत ! इतनी आसानी से?


आप जो भी कहना चाहें, कहें 

पर मैं अब इस दुनिया को नहीं पहचानता

इसे प्यार से अपना नहीं कह सकता

ये दुनिया भले किसी और की हो न हो 

पर यक़ीनन ये मेरी वाली दुनिया नहीं रही



शनिवार, 8 अक्टूबर 2022

हिम्मत

हिम्मत भी क्या चीज़ है
ये इंसान को कुछ करने के लिए उकसाती है
कुछ अलग, कुछ नया, रोमांचक
ऐसा कुछ, जो करने से वो डरता रहा है
घबराता रहा है
उसे ग़ैरज़रूरी बनाता रहा है
भले ही वो चीज़ उसके मतलब की हो
शायद ज़रुरत की भी हो
पर आड़े आ जाती हैं दिमाग़ी कमज़ोरियां,
आम रुकावटें
वैसी ही जैसी हर नुक्कड़ पर दिख जाती हैं;
'शायद नहीं हो पायेगा
अब इतना ज़रूरी भी तो नहीं
लाखों लोग इसके बग़ैर जी ही रहे हैं ना
उनमें मैं भी एक और सही' - इत्यादि

अब एक हीरे को हासिल करने में ऐसी रुकावटें तो आएंगी ही
हीरा आख़िर हीरा है
हीरा आपके अंदर की बात है
अंदर छुपी हुई इच्छाएं और कामनाएं हैं
ये अंदर की बातें हीरे-मोतियों से कम नहीं होतीं
बाहर की बातें और आदतें तो सबको पता हैं
वो दिखाई देती हैं
इसलिए वो साधारण हैं
पर जो अंदर है वो क़ीमती है
वो वर्षों पुरानी उग्र इच्छाएं हो सकती हैं
दबी हुई गहरी हसरतें,
अभिलाषाएं हो सकती हैं
कहते  हैं ना
बंद मुट्ठी सवा लाख की
खुली तो प्यारे ख़ाक की
तो जिसने हिम्मत करके हीरे की तरफ क़दम बढ़ाया,
उसका मूल्य बढ़ गया
चाहे वो हीरा एक नया विचार हो 
कोई नायाब हुनर हो, एक नई तरकीब हो,
नई कसरत, प्राणायाम, नया योगासन
ये सब हीरे आपकी क़ीमत बढ़ा सकते हैं
जीवन को नए मायने दे सकते हैं

पर - सबसे पहले ये निर्णय कर लीजिये
कि आप अपने आज के मूल्य से कितने संतुष्ट हैं
संतुष्ट हैं भी या नहीं
अगर आप इसी से खुश हैं
तो हिम्मत आपके किसी काम की नहीं
रहने दीजिये ये सब झंझट
जैसे अभी तक गुज़री है
बाक़ी भी गुज़र ही जाएगी
हिम्मत को हासिल करना भी एक हीरे को पाने जैसा ही है
और 'दोस्त' हीरे तो हर एक की क़िस्मत भी में नहीं होते



मंगलवार, 2 अगस्त 2022

कौन हो ?

कौन हो भाई ?

इतने धीमे से आकर खड़े हो गए ...

हमारे पीछे 

हमें तो ये भी नहीं पता कि 

पुरुष हो या महिला 

बड़े हो या अभी बच्चे ही हो

पर... जाने क्यों

तुम्हारे पैरों की आहट से

मन को एक अजीब सी शांति मिली है 

जैसे सुकून की हवा एक झोंका मेरे कमरे में आ गया हो 

और उसने मेरे पर्दों 

मेरे बालों, मेरे पौधों 

सबको एक नयी ताज़गी दे दी 

नयी ख़ुशी दे दी 

एक अरसा हो गया था

कि बिना मांगे, या ढूंढें

कुछ अच्छा मिल जाये


बताना चाहोगे, कौन हो तुम ?



डर नूतन से

ठीक है, ठीक है, माना  । क्या  माना ? यही, कि जनाब ने मुझे बुलाया नहीं था  । तो फिर ये टटपुँजिया सा वाहन लेकर यहाँ क्यों तशरीफ़ लाये हैं? क्या...